फ़्रांस में 'कट्टरपंथी मुसलमानों को रियायत' को लेकर गृह युद्ध की चेतावनी - BBC News हिंदी

फ़्रांस में 'कट्टरपंथी मुसलमानों को रियायत' को लेकर 'सैनिकों' ने दी गृह युद्ध की चेतावनी

10-05-2021 19:20:00

फ़्रांस में 'कट्टरपंथी मुसलमानों को रियायत' को लेकर 'सैनिकों' ने दी गृह युद्ध की चेतावनी

फ़्रांस में एक बार फिर अनाम सैनिकों ने पत्र लिखकर सरकार पर कट्टरपंथी मुसलमानों को ‘रियायत’ देने का आरोप लगाया है.

समाप्तसमाचार एजेंसी एएफ़पी के अनुसार, गृह मंत्री गेराल्ड डार्मानिन ने नए पत्र को 'कच्ची पैंतरेबाज़ी' बताया है और इस पर हस्ताक्षर करने वाले अज्ञात लोगों को कहा है कि उनमें 'साहस' की कमी है.पिछले महीने सरकार को अर्द्ध-सेवानिवृत्त जनरलों ने पत्र लिखा था जिसके बाद सैन्य बलों की कार्यभारी मंत्री फ़्लोरेंस पार्ले ने कहा था कि उनको नियम तोड़ने के लिए सज़ा दी जाएगी.

यूएपीए: क्या सुप्रीम कोर्ट ने इंसाफ की तरफ बढ़े कदमों में फिर ज़ंजीर डाल दी है 48 घंटे में दूसरी बार अमित शाह से मिले बंगाल के गवर्नर, फिर चुनाव बाद हिंसा पर की कड़ी टिप्पणी पंचतत्व में विलीन हुए 'फ्लाइंग सिख', राजकीय सम्मान के साथ दी गई मिल्खा सिंह को अंतिम विदाई

दरअसल, सेना के सेवारत और रिज़र्व सदस्यों को धर्म और राजनीति पर सार्वजनिक राय देने पर मनाही है.विपक्ष ने पत्र का किया समर्थनइमेज स्रोत,इमेज कैप्शन,मेरिन ले पेनहालांकि, धुर-दक्षिणपंथी नेता और अगले साल होने वाली राष्ट्रपति चुनाव की उम्मीदवार मेरिन ले पेन ने अप्रैल में 1,000 जवानों और महिलाओं के समर्थन से प्रकाशित हुए पत्र को सही बताया था.

नया पत्र वेला हेक्चुएल नामक पत्रिका में रविवार शाम को प्रकाशित हुआ था. इस पर हस्ताक्षर करने वाले असली लोगों की पहचान सेना के सक्रिय सदस्यों के तौर पर बताई गई है लेकिन यह स्पष्ट नहीं है.यह भी पढ़ें:फ्रांस में मुसलमानों पर बढ़ता दबाव, इस्लाम को राजनीतिक आंदोलन के तौर पर ख़ारिज करें headtopics.com

इस पत्र के लेखकों ने ख़ुद को सेना की युवा पीढ़ी का हिस्सा बताते हुए कहा है कि उन्होंने अफ़ग़ानिस्तान, माली और सेंट्रल अफ़्रीकन रिपब्लिक में अपनी सेवाएँ दी हैं या वे घरेलू आतंक-रोधी अभियानों में शामिल रहे हैं.वे लिखते हैं, "उन्होंने कट्टर इस्लाम को ख़त्म करने के लिए अपनी चमड़ी दी और आप हमारी धरती पर रियायत दे रहे हो."

पुराने पत्र का जवाब बताया जा रहाइमेज स्रोत,इमेज कैप्शन,फ़्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रोंपिछले महीने 'वरिष्ठ अफ़सरों' के हस्ताक्षर वाले पत्र की फ़्रांस सरकार ने आलोचना की थी, नए पत्र को इसी का जवाब समझा जा रहा है.इसमें लिखा है, "क्या वे आपके लिए इसलिए लड़े थे कि आप फ़्रांस को एक असफल राष्ट्र बना दें?"

"अगर गृह युद्ध छिड़ता है तो सेना अपनी ज़मीन पर व्यवस्था बनाएगी."यह भी पढ़ें:इस्लाम पर विवादः अर्दोआन ने की फ़्रांस के उत्पाद न ख़रीदने की अपील"कोई भी ऐसी भयानक स्थिति नहीं चाहता है. हमारे बुज़ुर्ग भी हमसे ज़्यादा नहीं चाहते. लेकिन हाँ, फ़्रांस में गृह युद्ध धीरे-धीरे तैयार हो रहा है और आप उसे अच्छे से जानते हो."

फ़्रांस ने हाल ही में एक विवादित बिल का प्रस्ताव दिया था जिसको राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों ने 'कट्टर इस्लाम से अलगाववाद' बताया था.हालांकि, फ़्रांस और विदेश में कुछ आलोचकों ने सरकार पर ग़लत तरीक़े से इस्लाम को निशाना बनाने का आरोप लगाया था.विशेषज्ञ क्या कहते हैं headtopics.com

म्यांमार के सैन्य शासन के ख़िलाफ़ यूएन की पहल, भारत रहा दूर - BBC News हिंदी ईरान चुनाव: इब्राहीम रईसी बन सकते हैं अगले राष्ट्रपति - BBC News हिंदी बुज़ुर्ग मुस्लिम पर हमला: यूपी पुलिस ने ट्विटर के एमडी को एक हफ़्ते में पेश होने को कहा

इमेज स्रोत,AFPपेरिस में बीबीसी संवाददाता ह्यूग स्कोफ़ील्ड कहते हैं कि नया प्रकाशित पत्र गुमनाम लोगों ने लिखा है, यह बता पाना असंभव है कि इसके लेखक सैन्य बलों में किस पद पर हैं, ऑनलाइन याचिकाओं में किसी को अपना नाम नहीं देना होता है इसलिए इसको किसी भी बात का पक्का सबूत नहीं माना जा सकता है.

ह्यूग कहते हैं, "बहरहाल फ़्रांस के लिए इस तरह का निराशावाद बैरकों-कमरों और अफ़सरों के मैस में आम बात है."यह भी पढ़ें:फ्रांस के कट्टरपंथी इस्लाम को 'ठीक करने' के लिए क्या कर रहे हैं राष्ट्रपति मैक्रों"कई फ़्रांस के नागरिक हिंसा, ड्रग्स और कट्टर इस्लाम को लेकर चिंतित हैं, जहाँ तक जवानों की बात है तो वे क़ानून और व्यवस्था और प्राधिकरण से बहुत क़रीबी से जुड़ा महसूस करते हैं और अपने नज़रिए को साझा करते हैं."

"लेकिन जनता में जाना और सेना और राजनीति के बीच की सीमारेखा को मिटा देना विवादास्पद है. इस मुद्दे पर सैन्य बलों के कई लोग पत्र के लेखकों से असहमत हैं.""विघटन और गृह युद्ध की चेतावानी जैसे विश्लेषण शायद बहुत साझा भी किए जाएँगे लेकिन राजनेताओं को रोकने के लिए कुछ 'करने' के लिए कहना, शीर्ष अफ़सर इसे कभी माफ़ नहीं करेंगे."

और पढो: BBC News Hindi »

मानसून ट्रैकर: उत्तराखंड में अलकनंदा नदी का जलस्तर बढ़ने से श्रीनगर-पौड़ी गढ़वाल के निचले इलाके पानी में डूबे, UP के बिजनौर में 6 गांव अलर्ट पर; नेपाल में 16 की मौत

नेपाल के गंडकी प्रान्त के मनांग और सिंधुपालचोक में बाढ़ ने कहर बरपाया हुआ है। यहां अब तक 16 लोगों की मौत और 22 लोगों के लापता होने की खबर है। डोलखा जिला प्रशासन ने भी इलाके में बाढ़ का अलर्ट जारी किया है। यहां प्रशासन ने तमाकोशी नदी के किनारों पर रहने वाले लोगों को सुरक्षित स्थान पर जाने की अपील की है। नेपाल में बने हालात का असर भारत के बिहार और यूपी के इलाकों में भी देखने को मिल रहा है। यहां गंगा... | Monsoon, Rain And Weather Forecast Today News And Updates 19 June 2021। Migration In Many Part Of Bihar, Heavy Rain Warning In Many States नेपाल के तराई और उत्तर बिहार की नदियों के क्षेत्रों में बढ़ते जलस्तर के बीच अब नेपाल डोलखा जिला प्रशासन ने बाढ़ का अलर्ट जारी किया

शायदअंहकारवसत्ताकोमंदबुद्धियोंकेहाथोंमें सौंपनेसेमानवीयहठधर्मिताकेकारणआंतरिक वबाह्ययुद्धगलतनिर्णयकेकारणमानव-मानव जीवनकोमृत्युकेव्दारपरलेजातीहैशासक/राजा हटधर्मीहोजानेपरप्राकृतिकआपदाओंसेनिपटने मेंअसक्षमरहतेहैं'वोहीदेशदुनीयांकेजनजीवनको तनावग्रस्तबनातेहुऐअकालमृत्युकोआमंत्रणदेते हैं'? कई देश मुस्लिम राष्ट्र बनने की कगार पर खड़े। But अंत में, जिहादियों और आतंकियों से 10 कदम आगे रहने वाला चीन अंतिम लड़ाई कर निपटा देगा।

Ek dm correct.. Sab jante hue bhi Francs ne apne par kulari Mari he. उन की मदद करेगा, गोला देगा Muslims are synonyms of civil war, it appears from on going Muslim wars from all over the world. Bigotry Muslim ko control krna jaruri hai Abe pagal kattar panti kiya hoata hai

कोरोना काल में अनाथ हुए बच्चों को अडॉप्ट करने में न करें गलती, एक्सपर्ट्स ने चेतायाकोरोना महामारी के दौर में सोशल मीडिया पर बच्चों को गोद लेने जैसे पोस्ट भी चल रहे हैं, लेकिन बच्चों को गोद लेने की प्रक्रिया इतनी आसान नहीं है. साथ ही एक्सपर्ट ये भी चिंता जाहिर करते हैं कि कुछ लोग इन स्थितियों का गलत फायदा उठा सकते हैं.

America में अब Children को भी लगेगी Vaccine, Pfizer को मिली मंजूरीकोरोना के बेकाबू होते हालात के बीच अमेरिका से एक सुकून देने वाली खबर मिली है. अमेरिका में अब कोरोना वैक्सीन बच्चों को भी लगायी जाएगी. फाइजर की कोविड वैक्सीन 12 साल तक के बच्चे को लगाई जाएगी. इस बाबत अमेरिकी नियामकों ने जरूरी मजूरी दे दी है. भारत में भी तीसरी संभावित लहर को लेकर डॉक्टरों ने अंदेशा जताया है कि इस दौर में बच्चे सबसे ज्यादा प्रभावित होंगे. इस लिहाज से फाइजर की वैक्सीन पर बात आगे बढ़ती है तो भारत के लिए ये सही कदम हो सकता है. देखें

कोरोना को लेकर बदइंतजामी और चुनावों में उसके असर से RSS, बीजेपी में मची खलबली: सूत्रएक नेता ने एनडीटीवी से कहा, जब आप किसी को खो देते हैं तो उसका दु:ख और गुस्सा लंबे समय तक रहता है और वह किसी भी रूप में सामने आ सकता है. उन्होंने कहा कि महामारी को लेकर बीजेपी पर चुनाव में क्या असर होगा इसको लेकर शीर्ष नेतृत्व में बड़ी चिंता है. bjp + sangh ko chinta sirf satta haath se jaane ki hai .... corona bimari se mukti paane ki nahin ParmatmaNirbharBharat 🙏 RSS = ISIS

CM बनते ही सरमा बोले- 5 साल में असम को शामिल कराएंगे टॉप 5 राज्यों मेंमुख्यमंत्री बनने के बाद पहले संवाददाता सम्मलेन में सरमा ने कहा कि उनका लक्ष्य असम को पांच वर्षों में शीर्ष पांच भारतीय राज्यों में से एक बनाने का है।

भारत में लॉन्चिंग को तैयार Tata Tiago CNG, कम खर्च में देगी जबरदस्त माइलेजहाल ही में Tata Tiago CNG को टेस्टिंग के दौरान स्पॉट किया गया है। ख़ास बात ये है कि इस मॉडल में ज्यादा बदलाव नहीं देखे गए हैं। देश में बढ़ती पेट्रोल-डीजल की कीमतों को देखते हुए ये मॉडल काफी किफायती साबित हो सकता है।