निर्भया गैंगरेप के दोषी विनय शर्मा की क्या फांसी टल सकती है

निर्भया गैंगरेप के दोषी विनय शर्मा की क्या फांसी टल सकती है

21.2.2020

निर्भया गैंगरेप के दोषी विनय शर्मा की क्या फांसी टल सकती है

विनय के वकील ने स्पेशल कोर्ट में याचिका देकर कहा है कि विनय सिज़ोफ्रेनिक हैं.

ये एक्सटर्नल लिंक हैं जो एक नए विंडो में खुलेंगे शेयर पैनल को बंद करें इमेज कॉपीरइट Image caption विनय शर्मा दिल्ली के निर्भया गैंगरेप मामले में चारों दोषियों को तीन मार्च सुबह छह बजे फांसी सुनाए जाने का आदेश हुआ है. इस मामले में दो बार अदालत ने पहले भी तारीख़ तय की थी लेकिन दोषियों की अलग-अलग याचिकाओं के कारण यह टल गई थी. इस मामले में मुकेश सिंह, विनय शर्मा, अक्षय ठाकुर और पवन गुप्ता दोषी हैं. इमेज कॉपीरइट Image caption आशा देवी नया डेथ वारंट जारी होने के बाद निर्भया की मां आशा देवी ने उम्मीद जताई थी कि इस बार हर हाल में दोषियों को सज़ा हो ही जाएगी और वो किसी क़ानूनी पेचीदगी का फ़ायदा नहीं उठा सकेंगे. लेकिन विनय शर्मा के वकील, एपी सिंह ने 20 फ़रवरी को भारत के मुख्य चुनाव आयुक्त को चिट्ठी लिखकर नीतिगत न्याय की मांग की है. उन्होंने एक याचिका तो मुख्य चुनाव आयोग को दी है और एक याचिका पटियाला हाउस कोर्ट की विशेष अदालत में दायर की है. विशेष अदालत में दायर इस याचिका में उन्होंने विनय कुमार के मानसिक और शारीरिक स्वास्थ्य का हवाला देते हुए न्याय की मांग की है. बीबीसी से बातचीत में उन्होंने कहा,"जिस समय दिल्ली सरकार ने विनय शर्मा की दया याचिका को ख़ारिज किये जाने की अनुशंसा भेजी थी उस समय दिल्ली में विधानसभा चुनावों की वजह से आचार संहिता लागू थी. ऐसे में गृहमंत्री जोकि मनीष सिसोदिया थे वो हस्ताक्षर नहीं कर सकते थे. यही कारण है कि उनके हस्ताक्षर मूल कॉपी पर नहीं हैं." पटियाला हाउस कोर्ट में स्पेशल कोर्ट में दायर याचिका के बारे में उन्होंने बताया"उसका सिर फटा हुआ है, दायां हाथ फ्रैक्चर्ड है और वो अपनी मां को भी नहीं पहचान पा रहा है. वो मुझे भी नहीं पहचान रहा. आवाज़ पहचान ले रहा है लेकिन देखकर किसी को पहचान नहीं पा रहा है. इसलिए हमने कोर्ट में याचिका लगाई है कि उसे बेहतर से बेहतर इलाज मिले." तो क्या इस आधार पर वो फांसी से विनय को बचाना चाहते हैं? इस सवाल के जवाब में वो कहते हैं कि सिज़ोफ्रेनिया, मानसिक बीमारी जैसी कंडिशन को लेकर हमने कोई क़ानून तो नहीं बनाया है जो है वो क़ानून में पहले से है. इमेज कॉपीरइट Image caption एपी सिंह- विनय के वक़ील लेकिन सवाल ये भी है कि 17 फ़रवरी को जब डेथ वारेंट जारी किया गया होगा तो उससे पहले उनकी शारीरिक और मानसिक स्थिति की जांच की ही गई होगी और उसके बाद ही कोर्ट ने फ़ैसला दिया होगा. इस पर एपी सिंह कहते हैं"ये बात बिल्कुल सही है लेकिन क्या कोई इस दौरान बीमार नहीं हो सकता." वहीं निर्भया की मां आशा देवी का कहना है"दोषियों के वकील एपी सिंह के पास अब कहने को कुछ भी बचा नहीं है. वो इस केस में दो दोषियों के वकील हैं. विनय की सभी याचिकाओं के विकल्प ख़त्म हो चुके हैं. अक्षय की भी तो अब उनके पास कहने को कुछ भी बचा नहीं है इसलिए वो कोर्ट को गुमराह कर रहे हैं. मुझे लगता है कि विनय को नहीं एपी सिंह को आराम की ज़रूरत है क्योंकि वो मानसिक तौर पर बीमार हो चुके हैं." वो कहती हैं,"जिस समय विनय की मर्सी पिटीशन ख़ारिज हुई थी उसी समय उसकी स्टेटस रिपोर्ट भी आई थी. वो मानसिक और शारीरिक तौर पर पूरी तरह फ़िट है लेकिन इनके (एपी सिंह) के उकसाने पर वो अपने को नुक़सान पहुंचा रहा है." लेकिन अब सवाल यही है कि क्या इन दोनों याचिकाओं के आधार पर विनय की फांसी को उम्रकै़द में बदल दिया जाएगा या क्या फिर उनकी फांसी टल जाएगी ? क्या सुप्रीम कोर्ट ने कभी किसी ऐसे जघन्य अपराध में दोषी का फांसी की सज़ा को उम्रक़ैद में तब्दील किया है? इसका जवाब है - देवेंदर पाल सिंह भुल्लर के मामले में. भारत के सर्वोच्च न्यायालय ने 1993 में दिल्ली में हुए बम धमाके के दोषी देवेंदर पाल सिंह भुल्लर की फांसी की सज़ा को उम्रक़ैद में बदल दिया था. अप्रैल, 2013 में सर्वोच्च न्यायालय की एक पीठ ने भुल्लर की दया याचिका को ख़ारिज कर दिया था और उनकी मौत की सज़ा को कम करने से इनक़ार भी कर दिया था. इस आदेश के बाद देवेंदर पाल सिंह भुल्लर की पत्नी ने सर्वोच्च न्यायालय में अपने पति का 'मानसिक रूप से असुंतलित' बताते हुए एक क्यूरेटिव पेटिशन (याचिका) दायर की थी. उनके वकील केटीएस तुलसी ने अदालत से उनकी मानसिक हालत के आधार पर मौत की सज़ा माफ़ करने की मांग की थी. जिसके बाद भारत के सुप्रीम कोर्ट ने फांसी की सज़ा पाए चरमपंथी देवेंदर पाल सिंह भुल्लर की सज़ा को आजीवन कारावास में बदल दिया था. तो क्या इस मामले में भी यही होगा? गाइडलान्स के मुताबिक़, फांसी की सज़ा पाने वाले कैदी की शारीरिक और मानसिक जांच की जाती है और दोषी को फांसी तभी दी जाती है जब जेल के अधिकारी इस बात को लेकर संतुष्ट होंगे कि वह शख़्स स्वस्थ है. ब्लैक वॉरेंट किताब के लेखक और तिहाड़ जेल के पूर्व जेलर सुनील गुप्ता का कहना है कि इस मामले के संदर्भ में फांसी टलने की गुंजाइश तो कम ही लगती है. वो कहते हैं"अगर चुनाव आयोग को दी गई याचिका की बात करें तो यहां ये समझना होगा कि फ़ैसला तो दिल्ली सरकार ने लिया नहीं वो तो माध्यम थी. याचिका ख़ारिज करने का फ़ैसला तो राष्ट्रपति ने ही लिया है. रही बात मानसिक रूप से स्वस्थ नहीं होने और चोट लगे होने की तो यह बिल्कुल सही है कि फांसी के लिए दोषी को मानसिक तौर पर स्वस्थ होना चाहिए लेकिन जो हालत वो बता रहे हैं वो सिज़ोफ्रेनिक की नहीं है. सिज़ोफ्रेनिक आदमी ना तो खुद खा पाता, ना कपड़े पहना पाता है उसे अपना होश नहीं रहता. तो ऐसी कोई स्थिति तो उसके साथ है नहीं फिर वो सिज़ोफ्रेनिक तो हो नहीं सकता. शारीरिक स्वास्थ्य के संदर्भ में वो कहते हैं कि जब किसी को कोई क्रॉनिक बीमारी होती है, तब ये स्थिति लागू होती है." मानसिक बीमारी से जूझती एक लड़की की कहानी सुप्रीम कोर्ट में वकील और क्रिमिनल मामलों की जानकार एडवोकेट कमलेश के मुताबिक़, इस मामले में फांसी को बदलकर उम्रक़ैद कर दिया जाए ऐसा तो नहीं लगता. वो कहती हैं,"इस तरह की याचिकाएं बिल्कुल नई हैं. रही बात भुल्लर केस की तो उनकी मानसिक स्थिति वाली बात शुरू से ही उस केस में ही यह स्टैंड रखा गया था. लेकिन इस मामले में आप ख़ुद को चोट पहुंचाकर ये उम्मीज करें कि आपकी फांसी टल जाएगी तो ऐसा नहीं होगा." वो कहती हैं"कोर्ट भी सबकुछ समझता है. अगर ऐसा होता तो 2012 से लेकर अब ना जाने इस तरह के कितने ही मामले आ चुके होते. रही बात किसी की फांसी में देरी की तो कोर्ट दोषी की हर बात इसलिए सुनता है क्योंकि कोर्ट का रुख़ बेहद मानवीय होता है." "रही बात मुख्य चुनाव आयुक्त के पास जाने की तो अगर ग़लती देखी जाए तो आपकी ही है. आपकी ओर से तारीखों का ध्यान नहीं रखा गया और वो गृहमंत्री तो थे ही. ऐस तो नहीं कि पद पर ही नहीं थे." इमेज कॉपीरइट लेकिन क्या है सिज़ोफ्रेनिया? विश्व स्वास्थ्य संगठन के मुताबिक़ सिज़ोफ्रेनिया एक गंभीर मानसिक डिस्ऑर्डर है जिससे दुनियाभर में क़रीब दो करोड़ लोग पीड़ित हैं. सिज़ोफ्रेनिया की वजह से सोचने, विचारने, भावनात्मक तौर पर, भाषाई स्तर पर, व्यवहार के स्तर पर विकृति आ जाती है. कई बार इसमें मतिभ्रम होने की भी आशंका होती है. विश्व स्वास्थ संगठन के मुताबिक़, सिज़ोफ्रेनिया लाइलाज नहीं है. इसका उपचार संभव है. दवाइयों के साथ-साथ अगर इससे पीड़ित शख़्स को साइकोलॉजिकल मदद दी जाए तो वो इससे जल्दी उबर सकता है. क्या हैं लक्षण? और पढो: BBC News Hindi

कोरोना से जंग : निज़ामुद्दीन मरकज़ का मामला आने के बाद अमेरिका ने कहा- दुनियाभर की सरकारों को...



मोदी के दीया जलाने की अपील पर तेज प्रताप का ट्वीट- लालटेन भी जला सकते हैं!

निज़ामुद्दीन मरकज़ मामला : दिल्ली पुलिस ने मौलाना साद को भेजा नोटिस, पूछे इन 26 सवालों के जवाब



कोरोना से बचने के लिए दो मीटर की दूरी काफी नहीं, MIT शोधकर्ता की चेतावनी

PM मोदी की देशवासियों से अपील, सोशल डिस्टेंसिंग की 'लक्ष्मण रेखा' को न करें पार



Vodafone ने लॉन्च किए तीन नए प्रीपेड प्लान, कॉलर ट्यून के साथ 90 दिनों तक की वैधता

भारतीय इंजीनियरों का कायल हुआ अमेरिका, बनाया 60 गुना सस्ता वेंटिलेटर



Yeh desh aisa hi Tarikh pe tarikh tarikh pe...... मोदी हैं तो मुमकिन है Waah rey hamari Government n Delhi police hai... itnaa samman too School n college key bachchon koo bhey nahey detey, jitnaa isss Ripest ko dey rahey hai🙏 हा टल क्या टल ही जायेगी ।। कानून में लिखा ही यह हैं । अपील का अधिकार ।।करते रहो जिदंगी भर

No Sharma/Shukla can be hanged in this regeme, even if he has committed 100 Nirbhaya case like crimes, take it from me. Dr_Uditraj BhimArmyChief Aur mujhe laga tha kinder hai andher nahi Aise kamino ko to lhud mar jana chahiye or sale jindgi bachane ke liye mar rahe h This is not fare Ha Tal Sakti hai kyo ki ye brahmin hai

Body fitness aur chahre ki rangat se lg nhi rha ladka jail me rahta hai

मौत के डर से भाग रहे निर्भया के चारों दोषी, विनय ने दीवार पर सिर पटकानिर्भया के चार में से तीन दोषियों के सभी कानूनी विकल्प खत्म हो चुके हैं। चारों को 3 मार्च को फांसी होनी है ऐसे में चारों Aisi hi jindagi ki bhikh in darindon se Nirbhaya bhi man rahi thi tab to darindgi ki sari haden par kar di thi Live Fansi dikhana chahiye They almost died hang them soon

क्या विनय शर्मा ब्राह्मण है? Why

निर्भया केस: दीवार पर सिर मारकर चोटिल हुआ दोषी विनय, क्या फिर टल जाएगी फांसी?At any cost culprit must be Hanged 😡 फांसी होगी दरिंदों को तो ही शांति मिलेंगी😠 करो इंतजार बहन.....का ठीक होने तक ।

ZEE NEWS की मुहिम: निर्भया को न्याय दिलाने के लिए #JusticeForNirbhaya के साथ पोस्ट करें VIDEOएक मां के आंसुओं से बड़ी कोई पुकार नहीं होती और एक मां के शब्दों से बड़ा कोई सत्य नहीं होता. आज निर्भया की मां ने राष्ट्र के नाम संदेश दिया है. sudhirchaudhary सर भाजपा को अपनी राजनीति का तरीक़े बदलना चहिये, जनता के मूलभुत सुविधाएं देने पर विचार करना चाहिए,सस्ता बिजली, पानी, यातायात उपलब्ध कराने पर जोर देना चाहिए, सस्ते स्वास्थ्य सेवा, सरकारी स्कूल का आधुनिकीकरण करे, नए रोजगार के अवसर उपलब्ध कराने पर जोर देना चाहिए,सबके लिए अच्छा होगा sudhirchaudhary ऐसे क्रिमिनल लोगों को जेल के अंदर बिठा के खिलाने का क्या मतलब है उन्हें तो फांसी होना ही है तो उनकी फांसी होनी ही चाहिए 😢😠😢 sudhirchaudhary हमारे कमजोर कानून और स्वार्थी तथा लाचार न्याय व्यवस्था देश के पिड़ित के साथ अन्याय कर रही है,क्या हमारी न्यायपालिका ऐसे ही तमाशा देखती रहेगी और अपराधी, मानवाधिकार की आड में बचते रहेंगे?

निर्भया के दोषी हो रहे हैं खतरनाक, छोटी-छोटी बात पर आ रहा है गुस्सातिहाड़ जेल (Tihar Jail) प्रशासन ने निर्भया (Nirbhaya Gangrape) के दोषियों को ऐंगर मैनेजमेंट (गुस्से पर नियंत्रण) का पाठ पढ़ाना शुरू कर दिया है. जेल प्रशासन लगातार दोषियों के व्यवहार पर निगरानी रख रही है. | nation News in Hindi - हिंदी न्यूज़, समाचार, लेटेस्ट-ब्रेकिंग न्यूज़ इन हिंदी It's all tectics by convicts supported by some political parties trying to save them. देश के संविधान के साथ खेल रहे कानून का मज़ाक बना रखा हैं काले कोट ने निर्भया केस इन को सौंप दो 1मिनीट मे निकाल मिलेगा

निर्भया की मां आशा देवी ने दोषियों के वकील एपी सिंह पर लगाया ये बड़ा आरोपNirbhayaCase : मां आशा देवी ने दोषियों के वकील एपी सिंह पर लगाया ये बड़ा आरोप nirbhayaconvicts Nirbhaya NirbhayaCaseConvicts SupremeCourt HighCourt rrbalpstandby Cen012018StandbyCandidates AllahabadReplacementPanel श्रीमान 2 साल हो गए है अब और इन्तेजार नही हो पा रहा है दिन सालो के समान बीत रहे है कृपा कर के RRBALDCEN01/2018 की स्टैंडबाई लिस्ट क्लियर कर दे|||| KumarBoard drmncrald RailMinIndia PMOIndia PiyushGoyal साहब ये कोर्ट बंद कर दो जो एक ढंग का इन्साफ न कर सके.... थू है ऐसे कानून पर...... अब लगता है हैदराबाद में सही किया था पुलिस ने nirbhayaconvicts, Nirbhaya

पश्चिम बंगाल के मदरसों में बढ़ रही है हिंदू छात्रों की संख्या, जानिए क्या है कारणमदरसा बोर्ड के अध्यक्ष के मुताबिक मदरसों में दाखिला लेने वाले हिंदू छात्रों के प्रतिशत में खासी बढ़ोतरी देखी गई है. इस्लामीकरण का राह बन रहा है। जागो प्यारे PMOIndia narendramodi rajnathsingh PiyushGoyal AmitShah JPNadda BJP4India ShivSena UdhavThakare PL WAKE UP गजवा ए हिन्द ...



कोरोना संकट के बीच कल सुबह 9 बजे देश को फिर संबोधित करेंगे PM मोदी

'अनियोजित लॉकडाउन' पर भड़कीं सोनिया, कहा- दुनिया के किसी देश ने ऐसा नहीं किया

दाढ़ी ट्रिम करवा कर नए लुक में दिखे उमर अब्दुल्ला, JK डोमिसाइल नीति पर उठाए सवाल

गाजियाबाद: आइसोलेशन वार्ड में बिना पैंट घूम रहे तबलीगी जमात के मरीज, DM-SSP से शिकायत

तबलीगी जमात का मौलाना अरशद मदनी ने किया बचाव, कहा- मरकज ने कोई गलती नहीं की

प्रधानमंत्री के वीडियो मैसेज पर शशि थरूर बोले- अभी प्रधान Showman को सुना, ये बस PM का 'फील गुड' मूमेंट था

एक छत पर समूह में नमाज पढ़ रहे लोगों का Video आया सामने, नोएडा पुलिस ने किया 11 लोगों के खिलाफ केस दर्ज

टिप्पणी लिखें

Thank you for your comment.
Please try again later.

ताज़ा खबर

समाचार

21 फरवरी 2020, शुक्रवार समाचार

पिछली खबर

प्रधानमंत्री मोदी करेंगे पहले खेलो इंडिया विश्वविद्यालय खेलों का उद्घाटन

अगली खबर

कार्टून: मैंने कहा कितने करोड़ करूं?
कोरोना से जंग : निज़ामुद्दीन मरकज़ का मामला आने के बाद अमेरिका ने कहा- दुनियाभर की सरकारों को... मोदी के दीया जलाने की अपील पर तेज प्रताप का ट्वीट- लालटेन भी जला सकते हैं! निज़ामुद्दीन मरकज़ मामला : दिल्ली पुलिस ने मौलाना साद को भेजा नोटिस, पूछे इन 26 सवालों के जवाब कोरोना से बचने के लिए दो मीटर की दूरी काफी नहीं, MIT शोधकर्ता की चेतावनी PM मोदी की देशवासियों से अपील, सोशल डिस्टेंसिंग की 'लक्ष्मण रेखा' को न करें पार Vodafone ने लॉन्च किए तीन नए प्रीपेड प्लान, कॉलर ट्यून के साथ 90 दिनों तक की वैधता भारतीय इंजीनियरों का कायल हुआ अमेरिका, बनाया 60 गुना सस्ता वेंटिलेटर Coronavirus Outbreak Live Updates: कोरोना वायरस लाइव अपडेट - उत्तर प्रदेश में आज अबतक 172 नए केस आए हैं। इनमें से 42 वे हैं जो तबलीगी जमात कार्यक्रम में पहुंचे थे। तबलीगी जमात के मौलाना साद को क्राइम ब्रांच का नोटिस, पूछे गए 26 सवाल Coronavirus: गाजियाबाद में अश्लील हरकतें करने वाले जमातियों का इलाज नहीं करेगा महिला स्टाफ आरोग्य संजीवनी में अब कोरोना का भी होगा इलाज, सरकार ने दी बड़ी राहत - Coronavirus AajTak बिहार के सिविल सर्जन को 'झोला छाप डॉक्टरों' की ज़रूरत क्यों पड़ी?
कोरोना संकट के बीच कल सुबह 9 बजे देश को फिर संबोधित करेंगे PM मोदी 'अनियोजित लॉकडाउन' पर भड़कीं सोनिया, कहा- दुनिया के किसी देश ने ऐसा नहीं किया दाढ़ी ट्रिम करवा कर नए लुक में दिखे उमर अब्दुल्ला, JK डोमिसाइल नीति पर उठाए सवाल गाजियाबाद: आइसोलेशन वार्ड में बिना पैंट घूम रहे तबलीगी जमात के मरीज, DM-SSP से शिकायत तबलीगी जमात का मौलाना अरशद मदनी ने किया बचाव, कहा- मरकज ने कोई गलती नहीं की प्रधानमंत्री के वीडियो मैसेज पर शशि थरूर बोले- अभी प्रधान Showman को सुना, ये बस PM का 'फील गुड' मूमेंट था एक छत पर समूह में नमाज पढ़ रहे लोगों का Video आया सामने, नोएडा पुलिस ने किया 11 लोगों के खिलाफ केस दर्ज इंदौर : PM मोदी की हिदायत के बावजूद COVID-19 की स्क्रीनिंग करने गए स्वास्थ्य योद्धाओं को दौड़ाकर मारा, देंखे VIDEO हैदराबाद : कोरोनावायरस के मद्देनजर अस्पताल में क्वारैन्टाइन किए गए लोगों ने वार्ड में साथ पढ़ी नमाज़ कोरोना वायरस: निज़ामुद्दीन मरकज़ के मरीज़ों की बाढ़ से कैसे निपटेगी दिल्ली AIIMS के डॉक्टर दंपति को हुआ कोरोनावायरस, सुबह पति और शाम में आई 9 महीने की प्रेग्नेंट पत्नी की रिपोर्ट मुंबई: एशिया के सबसे बड़े स्लम धारावी में मिले Coronavirus संक्रमित मरीज की हुई मौत