कोरोना: अब गंगा किनारे रेत में 'दफ़नाए' जा रहे हैं शव - BBC News हिंदी

कोरोना: अब गंगा किनारे रेत में 'दफ़नाए' जा रहे हैं शव

14-05-2021 07:48:00

कोरोना: अब गंगा किनारे रेत में 'दफ़नाए' जा रहे हैं शव

उत्तर प्रदेश में नदी किनारे लाशें दफ़नाने के बारे में प्रशासन का कहना है कि ऐसा पहले भी होता रहा है. पर लोगों का कहना है कि ऐसा मजबूरी में किया जा रहा है.

इमेज कैप्शन,बिहार-यूपी में कोरोना महामारी के बीच बहती लाशेंउन्नाव में स्थानीय पत्रकार विशाल प्रताप सिंह कहते हैं कि गाँवों में कुछ लोग बच्चों के शव या फिर कुछ बुज़ुर्गों के शव जलाने की बजाय ज़मीन में गाड़ देते हैं. उनके मुताबिक़, "कई बार लोग खेतों में भी शव गाड़ देते हैं. कुछ समुदायों में यह परंपरा होती है. लेकिन ऐसे लोग बहुत कम होते हैं."

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उन्नाव के अलावा कानपुर में भी गंगा किनारे कई घाटों पर ऐसे शव मिले हैं. कानपुर में वरिष्ठ पत्रकार प्रवीण मोहता के मुताबिक़, "बिल्हौर तहसील के खेरेश्वर गंगाघाट पर रेत में बड़ी संख्या में शव दफ़नाए गए हैं. यहाँ भी उन्नाव जैसा हाल है. बड़े क्षेत्र में दफ़नाए गए शवों के कफ़न साफ़ दिख रहे हैं. आस-पास के लोग इस विषय में कुछ भी बोलने को तैयार नहीं हैं. शव दफ़नाने की परंपरा वाले आस-पास के कोई लोग यहाँ नहीं मिले और ना ही इससे पहले कभी यहाँ शवों को दफ़नाते हुए देखा गया है. इक्का-दुक्का अपवाद हो सकते हैं लेकिन परंपरा जैसी चीज़ तो नहीं दिखती."

कानपुर में कोई भी अधिकारी बिल्हौर के खेरेश्वर घाट पर मिले शवों के बारे में कुछ भी नहीं बता रहा है. प्रवीण मोहता कहते हैं कि गाँवों में बीते कुछ हफ्तों में इतनी मौतें हुईं कि लोगों को शवों के दाह संस्कार का समय नहीं मिला और बड़ी संख्या में शव गंगा की रेती में दफ़नाए गए. headtopics.com

ये भी पढ़ें:इमेज स्रोत,Vishal Singhउन्नाव में अंतिम संस्कार संपन्न कराने वाले पुरोहित विजय शर्मा बताते हैं, "उन्नाव और फ़तेहपुर ज़िले में पिछले एक महीने में बड़े पैमाने पर लोगों की बुखार और साँस फूलने जैसी बीमारियों से मौत हुई है. गंगा किनारे दाह संस्कार के लिए बने घाटों पर जब अंतिम संस्कार के लिए ज़्यादा समय लगने लगा तो रायबरेली, फ़तेहपुर और उन्नाव से आए शवों को उन्नाव में बक्सर घाट से कुछ ही दूरी पर गंगा की रेती में दबा दिया गया. यहाँ पहले हर दिन 10-12 शवों का अंतिम संस्कार होता था, लेकिन फ़िलहाल रोज़ाना सौ से ज़्यादा शवों का अंतिम संस्कार हो रहा है."

यह बात स्पष्ट नहीं हो सकी है कि दफ़नाए गए शव किनके हैं, यानी उनकी मृत्यु कोरोना संक्रमण की वजह से हुई है या फिर किसी और वजह से.स्थानीय लोगों के मुताबिक़, इन सभी घाटों पर आस-पास के गाँवों से ही लोग आते हैं लेकिन अब शवों की पहचान करना बड़ा मुश्किल है.शवों के रेत में दबे होने की सूचना के बाद बुधवार शाम ही उन्नाव और फ़तेहपुर ज़िले के अधिकारी मौक़े पर पहुँचे.

फ़िलहाल वहाँ मशीनों से रेत डलवा दी गई और कफ़न वहाँ से हटा दिये गए हैं. निगरानी के लिए प्रशासन ने टीमें तैयार कर दी हैं ताकि अब लोग इस तरह से शवों को ना दफ़न कर सकें. और पढो: BBC News Hindi »

'CM Yogi ही होंगे बीजेपी का चेहरा', देखें और क्या बोले Arun Singh

यूपी के चुनाव को लेकर जो सस्पेंस बना हुआ था वो अब साफ हो गया है. बीजेपी के राष्ट्रीय महासचिव अरुण सिंह ने कहा है कि बीजेपी ये चुनाव मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के चेहरे पर ही लड़ेगी. आजतक से एक्सक्लूसिव बातचीत में अरुण सिंह ने केशव प्रसाद मौर्य के उस बयान को भी खारिज कर दिया जिसमें उन्होंने कहा था कि यूपी सीएम का चेहरा दिल्ली से तय होगा. वहीं बीजेपी के एक और महासचिव बीएल संतोष जो लखनऊ में हैं उन्होंने ट्वीट कर यूपी में तेज वैक्सीनेशन पर मुख्यमंत्री योगी की पीठ थपथपाई है. देखें एक और एक ग्यारह का ये एपिसोड.

करोना ,सरकार का अनदेखा ..चुनाव को देखा ..जनमानस को मौत की ओर ढकेला ... Kya baklol hai re bbc india. Socho 18 ghante kaam krta he feku tab desh ko 50% bech diya or lasho ka dher lag gaya , agar 24 ghante kaam krtato desh kakyaa haal hota pata nhi hamare mulk me konsa moda aa gaya he samj nhi aata logo ko apne mulk ki wajah dussre mulko ko saport ki padi he phele apne mulk ko saport karlo dussre mulk ka saat dene se phele apne mulk ke logo ka saat de lo sayad hamare saport se kisi ki jaan bacch jae 😭😭

इसी को कहते हैं कुत्ते की मौत हरे ! निः शब्द 😢 इसके लिए कौन जिम्मेदार है हम ही ना, हम यानी जनता जलाने के लिए लकड़ी नहीं बचेंगे तो दफना तो पड़ेगा ही ना

यूपी के गांवों में कोरोना का कहर, पहले गंगा में उतराए शव, अब रेत में दफनाए जा रहेउन्नाव के रौतापुर घाट में पिछले 20 दिनों में यहां शव दफनाए जा रहे हैं। मीडिया रिपोर्ट्स की मानें तो पिछले कुछ दिनों में यहां 300 से ज्यादा अंतिम संस्कार हो चुके हैं।

Kitna daraoge? We should make this reach more people New INDIA 😭😭😭😭

Hrithik Roshan ने कोरोना काल में आगे बढ़ाया मदद का हाथ, Twinkle Khanna ने की तारीफकोरोना महामारी के इस दौर में कई बॉलीवुड सेलेब्स मदद के लिए हाथ आगे बढ़ा रहे हैं। बॉलीवुड एक्टर रितिक रोशन भी कोविड रिलीफ में मदद करने की हर संभव कोशिश कर रहे हैं। अब, ट्विंकल खन्ना ने ऋतिक रोशन इस संकट के दौरान आगे आने और मदद करने के लिए उनकी प्रशंसा करते हुए अपने सोशल मीडिया पर एक पोस्ट साझा किया है।

कोरोना का टीका लगाने पर 'दावत' | DW | 12.05.2021वैक्सीनेशन को बढ़ावा देने के लिए सर्बिया के क्रागुएवात्स शहर में रेस्तरां मालिक स्ताव्रो रासकोविच ने उन लोगों को मुफ्त में स्थानीय व्यंजन खाने का मौका दिया जिन लोगों ने कोरोना की वैक्सीन लगवा ली. COVID19Vaccination Covid_19 Corona Serbia eh Great

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