Amitshah, Atmanirbharbharat, Coronavirus News İn Hindi, Coronavirus İndia News İn Hindi, Coronavirus Update News İn Hindi, Coronavirus İn İndia News İn Hindi, Coronavirus Cases News İn Hindi, Lockdown İndia News İn Hindi, Central Government News İn Hindi, Coronavirus Pandemic News İn Hindi, New Patients News İn Hindi, District News İn Hindi, State News İn Hindi, Prime Minister Narendra Modi, Amit Shah, अमित शाह, Columns News İn Hindi, Opinion News İn Hindi, Opinion Hindi News

Amitshah, Atmanirbharbharat

आत्मविश्वास से जगमगाता आत्मनिर्भर भारत

आत्मविश्वास से जगमगाता आत्मनिर्भर भारत @AmitShahOffice @AmitShah @HMOIndia @BJP4India #AmitShah #AtmaNirbharBharat

30-05-2020 06:20:00

आत्मविश्वास से जगमगाता आत्मनिर्भर भारत AmitShahOffice AmitShah HMOIndia BJP4India AmitShah AtmaNirbharBharat

विगत छह वर्षों में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के ओजस्वी नेतृत्व में भारतवर्ष की विकास यात्रा अद्भुत, अकल्पनीय और प्रशंसनीय

मोदी सरकार 2.0 का पहला वर्ष समय के शिलालेख पर भारत के कभी न मिटने वाले उन कालजयी पदचिह्नों की कहानी है, जिसकी कल्पना किसी ने की भी नहीं थी। निस्संदेह मोदी सरकार ने छह वर्षों में छह दशक की खाई को पाट कर आत्मनिर्भर भारत की बुलंद बुनियाद खड़ी की है।'फ्रेजाइल फाइव' से भारत को विश्व की सबसे प्रमुख अर्थव्यवस्था बनाना, आतंकवाद के साये से देश को निकालकर उसके खिलाफ निर्णायक लड़ाई के लिए तैयार करना, स्वच्छता को हर भारतवासी का संस्कार बनाना, सच्चे अर्थों में गांव-गरीब-किसानों का कायाकल्प करने का संकल्प और चुनौतियों को अवसरों में परिवर्तित करने की निपुणता तो भारत ने मोदी सरकार के पहले ही कार्यकाल में देख ली थी। दूसरे कार्यकाल के प्रथम वर्ष ने देश की जनता को सपनों के सच होने का यकीन भी दिला दिया।

PM CARES फंड की जांच नहीं करेगी लोक लेखा समिति, BJP ने रोका रास्ता वॉरेन बफे से ज्यादा दौलतमंद हुए मुकेश अंबानी, Jio में निवेश का मिला फायदा ये हैं उत्तर प्रदेश के टॉप 5 अपराधी, ऑपरेशन क्लीन में जुटी योगी सरकार

भारतीय जनता पार्टी की केंद्र सरकार ने अपने घोषणापत्र के एक-एक वादे को जमीन पर उतार कर दिखाया है। केंद्र सरकार के संकल्प पत्र ने लोकतंत्र में घोषणापत्र की महत्ता को तो स्थापित किया ही, लोकतंत्र की जड़ों को भी मजबूत किया।जम्मू-कश्मीर से धारा 370 और 35ए का उन्मूलन, श्रीराम मंदिर के निर्माण के मार्ग का प्रशस्तीकरण, मुस्लिम महिलाओं को तीन तलाक के अभिशाप से मुक्ति और नागरिकता संशोधन कानून के माध्यम से आजादी के 70 सालों से वंचितों को उनका अधिकार देने जैसे कई कालजयी निर्णयों से एक ओर मोदी सरकार ने आजादी के बाद की ऐतिहासिक गलतियों को सुधारा है, तो वहीं दूसरी ओर विश्व की सबसे बड़ी स्वास्थ्य बीमा योजना ‘आयुष्मान भारत' से देश के लगभग 50 करोड़ गरीबों को इलाज के बोझ से मुक्ति दिलाने, करोड़ों गरीब महिलाओं का उज्ज्वला योजना के माध्यम से सशक्तिकरण, किसानों को सालाना 6,000 रुपये की आर्थिक कृषि सहायता राशि, हर गरीब को छत और हर नागरिक की जनधन खाते के माध्यम से बैंकों तक पहुंच जैसे सर्वस्पर्शी निर्णयों के माध्यम से नए भारत का सृजन किया है। इस तरह मोदी सरकार 'सृजन और सुधार' के समांतर समन्वय की अभूतपूर्व मिसाल बनी है।

सभी महत्वपूर्ण विधेयक संसद के दोनों सदनों से पारित हुए, जबकि राज्यसभा में हमारा बहुमत भी नहीं था। यह दिखाता है कि हमारा लोकतंत्र कितना परिपक्व हुआ है। आतंकवाद और भ्रष्टाचार पर मोदी सरकार के निर्णायक प्रहार ने देश में एक अलग तरह का आत्मविश्वास जगाया है। आतंकवाद पर यूएपीए और एनआईए ऐक्ट के जरिये नकेल कसी गई है। भारत की आक्रामक विदेश नीति और रक्षा नीति ने देश को अग्रिम कतार में खड़ा किया है और दुनिया का देश को देखने के प्रति नजरिये में आमूल-चूल बदलाव आया है।

ऐसे कई निर्णय लिए गए, जिससे वैश्विक मंदी के बावजूद भारत की अर्थव्यवस्था को गति मिली, जैसे कि नागरिक उड्डयन के क्षेत्र में एफडीआई का मार्ग प्रशस्त करना, कारपोरेट टैक्स को कम करना, बैंकों का विलय, एनबीएफसी लोन पर मोरोटोरियम, कंपनी ऐक्ट में सुधार, एमएसएमई के विकास के लिए आसान ऋण की व्यवस्था आदि। बोडो समझौते के तहत वर्षों से लंबित ब्रेआंग रिफ्यूजी समस्या का समाधान भी मोदी सरकार 2.0 के पहले साल में हुआ। दशकों से लंबित चीफ ऑफ डिफेंस स्टाफ (सीडीएस) का पद सृजित करने का ऐतिहासिक निर्णय लिया गया।

आरसीईपी का विरोध करके देश के किसानों एवं व्यवसायियों के हितों की सुरक्षा की गई, जिसकी महत्ता कोरोना वायरस के मामले में चीन की भूमिका के मद्देनजर और बढ़ जाती है। सबका साथ, सबका विकास और सबका विश्वास के सिद्धांत पर काम करने वाली मोदी सरकार ने सामाजिक उत्थान को अपना मूल मंत्र बनाया। मोदी सरकार 2.0 का जिक्र कोरोना के खिलाफ निर्णायक लड़ाई के बगैर पूरा नहीं हो सकता। नरेंद्र मोदी के निर्णायक नेतृत्व ने दुनिया को इस समस्या से पार पाने की अलग राह दिखाई है।

केंद्र सरकार ने कोरोना वायरस संक्रमण को रोकने के लिए लागू लॉकडाउन से प्रभावित लोगों, अर्थव्यवस्था, रोजगार, कृषि एवं उद्योगों के लिए 20 लाख करोड़ रुपये से अधिक के विशेष आर्थिक पैकेज की घोषणा करके ‘आत्मनिर्भर भारत’ के अभ्युदय का नया सूरज उगाया है। अब तक लगभग 60 हजार करोड़ रुपये से अधिक की राशि विभिन्न योजनाओं के माध्यम से केवल दो महीनों में गरीबों, मजदूरों, किसानों, विधवाओं, बुजुर्गों और दिव्यांगों के खातों में हस्तांतरित की जा चुकी है। गरीबों के लिए पांच महीने तक मुफ्त राशन की व्यवस्था की गई है और मनरेगा के तहत अलग से 40 हजार करोड़ रुपये निर्धारित किए गए हैं। उन्होंने इसके माध्यम से न केवल सुदृढ़ ‘न्यू इंडिया', बल्कि आत्मनिर्भर भारत के संकल्प को भी साकार करने खाका तैयार किया है।

आत्मनिर्भर भारत की झलक भी पिछले डेढ़ माह में दिख गई कि भारत किस तरह चुनौतियों से पार पाने में सक्षम है। अप्रैल की शुरुआत में हम जहां पीपीई किट, वेंटिलेटर और एन-95 मास्क के लिए पूर्णतः आयात पर निर्भर थे, वहीं आज हम स्वयं बड़े पैमाने पर इनका उत्पादन कर रहे हैं। संकट के समय हमने दुनिया के 55 से अधिक देशों को जरूरी की दवाइयों की आपूर्ति की है, जिसकी सराहना दुनिया के सभी देशों ने की है। सही समय पर लॉकडाउन के चलते भारत ने कोरोना को काफी हद तक रोकने में सफलता पाई है।

Video: सोमनाथ मंदिर में सीएम रुपाणी की पूजा, ध्वजपूजन भी किया विकास दुबे के एनकाउंटर के बाद शिवली गांव में जश्न, लोग बोेले- नई आजादी मिली Coronavirus पर WHO का बयान- कोरोना पर कर सकते हैं काबू, मुंबई के धारावी का दिया उदाहरण

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अगुआई में भारत एक ऐसे राष्ट्र बनने की ओर कदम बढ़ा रहा है, जहां न कोई शोषक होगा न शोषित, न कोई मालिक होगा न मजदूर, न अमीर होगा न गरीब। सबके लिए शिक्षा, रोजगार, चिकित्सा और उन्नति के समान और सही अवसर उपलब्ध होंगे। भारत आत्मनिर्भरता की ओर तेजी से बढ़ रहा है और इस यात्रा के नायक प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी हैं।

रही है। 2014 से पहले की किंकर्तव्यविमूढ़ता, अकर्मण्यता और खोखले वादों के पिटारे पर मोदी कार्यकाल में जन-मानस ने नेतृत्व, विश्वास, सहयोग और आत्मबल के सहारे समय से पूर्व ही लक्ष्य को बेधने की क्षमता हासिल कर ली है।विज्ञापनमोदी सरकार 2.0 का पहला वर्ष समय के शिलालेख पर भारत के कभी न मिटने वाले उन कालजयी पदचिह्नों की कहानी है, जिसकी कल्पना किसी ने की भी नहीं थी। निस्संदेह मोदी सरकार ने छह वर्षों में छह दशक की खाई को पाट कर आत्मनिर्भर भारत की बुलंद बुनियाद खड़ी की है।

'फ्रेजाइल फाइव' से भारत को विश्व की सबसे प्रमुख अर्थव्यवस्था बनाना, आतंकवाद के साये से देश को निकालकर उसके खिलाफ निर्णायक लड़ाई के लिए तैयार करना, स्वच्छता को हर भारतवासी का संस्कार बनाना, सच्चे अर्थों में गांव-गरीब-किसानों का कायाकल्प करने का संकल्प और चुनौतियों को अवसरों में परिवर्तित करने की निपुणता तो भारत ने मोदी सरकार के पहले ही कार्यकाल में देख ली थी। दूसरे कार्यकाल के प्रथम वर्ष ने देश की जनता को सपनों के सच होने का यकीन भी दिला दिया।

भारतीय जनता पार्टी की केंद्र सरकार ने अपने घोषणापत्र के एक-एक वादे को जमीन पर उतार कर दिखाया है। केंद्र सरकार के संकल्प पत्र ने लोकतंत्र में घोषणापत्र की महत्ता को तो स्थापित किया ही, लोकतंत्र की जड़ों को भी मजबूत किया।जम्मू-कश्मीर से धारा 370 और 35ए का उन्मूलन, श्रीराम मंदिर के निर्माण के मार्ग का प्रशस्तीकरण, मुस्लिम महिलाओं को तीन तलाक के अभिशाप से मुक्ति और नागरिकता संशोधन कानून के माध्यम से आजादी के 70 सालों से वंचितों को उनका अधिकार देने जैसे कई कालजयी निर्णयों से एक ओर मोदी सरकार ने आजादी के बाद की ऐतिहासिक गलतियों को सुधारा है, तो वहीं दूसरी ओर विश्व की सबसे बड़ी स्वास्थ्य बीमा योजना ‘आयुष्मान भारत' से देश के लगभग 50 करोड़ गरीबों को इलाज के बोझ से मुक्ति दिलाने, करोड़ों गरीब महिलाओं का उज्ज्वला योजना के माध्यम से सशक्तिकरण, किसानों को सालाना 6,000 रुपये की आर्थिक कृषि सहायता राशि, हर गरीब को छत और हर नागरिक की जनधन खाते के माध्यम से बैंकों तक पहुंच जैसे सर्वस्पर्शी निर्णयों के माध्यम से नए भारत का सृजन किया है। इस तरह मोदी सरकार 'सृजन और सुधार' के समांतर समन्वय की अभूतपूर्व मिसाल बनी है।

सभी महत्वपूर्ण विधेयक संसद के दोनों सदनों से पारित हुए, जबकि राज्यसभा में हमारा बहुमत भी नहीं था। यह दिखाता है कि हमारा लोकतंत्र कितना परिपक्व हुआ है। आतंकवाद और भ्रष्टाचार पर मोदी सरकार के निर्णायक प्रहार ने देश में एक अलग तरह का आत्मविश्वास जगाया है। आतंकवाद पर यूएपीए और एनआईए ऐक्ट के जरिये नकेल कसी गई है। भारत की आक्रामक विदेश नीति और रक्षा नीति ने देश को अग्रिम कतार में खड़ा किया है और दुनिया का देश को देखने के प्रति नजरिये में आमूल-चूल बदलाव आया है।

ऐसे कई निर्णय लिए गए, जिससे वैश्विक मंदी के बावजूद भारत की अर्थव्यवस्था को गति मिली, जैसे कि नागरिक उड्डयन के क्षेत्र में एफडीआई का मार्ग प्रशस्त करना, कारपोरेट टैक्स को कम करना, बैंकों का विलय, एनबीएफसी लोन पर मोरोटोरियम, कंपनी ऐक्ट में सुधार, एमएसएमई के विकास के लिए आसान ऋण की व्यवस्था आदि। बोडो समझौते के तहत वर्षों से लंबित ब्रेआंग रिफ्यूजी समस्या का समाधान भी मोदी सरकार 2.0 के पहले साल में हुआ। दशकों से लंबित चीफ ऑफ डिफेंस स्टाफ (सीडीएस) का पद सृजित करने का ऐतिहासिक निर्णय लिया गया।

विकास दुबे का पोस्टमॉर्टमः शरीर के आर-पार हुई तीन गोलियां, ज्यादा खून बहने से मौत मुंबई के धारावी में टूटी कोरोना ट्रांसमिशन की चेन, WHO चीफ ने की तारीफ वंदे भारत एक्सप्रेस के लिए 1500 करोड़ का ग्लोबल टेंडर, रेस में ये चीनी कंपनी

आरसीईपी का विरोध करके देश के किसानों एवं व्यवसायियों के हितों की सुरक्षा की गई, जिसकी महत्ता कोरोना वायरस के मामले में चीन की भूमिका के मद्देनजर और बढ़ जाती है। सबका साथ, सबका विकास और सबका विश्वास के सिद्धांत पर काम करने वाली मोदी सरकार ने सामाजिक उत्थान को अपना मूल मंत्र बनाया। मोदी सरकार 2.0 का जिक्र कोरोना के खिलाफ निर्णायक लड़ाई के बगैर पूरा नहीं हो सकता। नरेंद्र मोदी के निर्णायक नेतृत्व ने दुनिया को इस समस्या से पार पाने की अलग राह दिखाई है।

केंद्र सरकार ने कोरोना वायरस संक्रमण को रोकने के लिए लागू लॉकडाउन से प्रभावित लोगों, अर्थव्यवस्था, रोजगार, कृषि एवं उद्योगों के लिए 20 लाख करोड़ रुपये से अधिक के विशेष आर्थिक पैकेज की घोषणा करके ‘आत्मनिर्भर भारत’ के अभ्युदय का नया सूरज उगाया है। अब तक लगभग 60 हजार करोड़ रुपये से अधिक की राशि विभिन्न योजनाओं के माध्यम से केवल दो महीनों में गरीबों, मजदूरों, किसानों, विधवाओं, बुजुर्गों और दिव्यांगों के खातों में हस्तांतरित की जा चुकी है। गरीबों के लिए पांच महीने तक मुफ्त राशन की व्यवस्था की गई है और मनरेगा के तहत अलग से 40 हजार करोड़ रुपये निर्धारित किए गए हैं। उन्होंने इसके माध्यम से न केवल सुदृढ़ ‘न्यू इंडिया', बल्कि आत्मनिर्भर भारत के संकल्प को भी साकार करने खाका तैयार किया है।

आत्मनिर्भर भारत की झलक भी पिछले डेढ़ माह में दिख गई कि भारत किस तरह चुनौतियों से पार पाने में सक्षम है। अप्रैल की शुरुआत में हम जहां पीपीई किट, वेंटिलेटर और एन-95 मास्क के लिए पूर्णतः आयात पर निर्भर थे, वहीं आज हम स्वयं बड़े पैमाने पर इनका उत्पादन कर रहे हैं। संकट के समय हमने दुनिया के 55 से अधिक देशों को जरूरी की दवाइयों की आपूर्ति की है, जिसकी सराहना दुनिया के सभी देशों ने की है। सही समय पर लॉकडाउन के चलते भारत ने कोरोना को काफी हद तक रोकने में सफलता पाई है।

और पढो: Amar Ujala »

AmitShahOffice AmitShah HMOIndia BJP4India उत्तर प्रदेश जल निगम से राजनीतिक विद्वेष के बहन जी के रास्ते पर चलते हुए निरपराध कर्मचारियों को बर्खास्त कर दिया उनमे वो हिन्दू भी है जिसने भाजपा को वोट समर्थन दिया और आज वो समाजवादी कांग्रेसी बहुजन हिन्दू हो गया सर जांच करा लो हमे न्याय दो AmitShahOffice AmitShah HMOIndia BJP4India Upteachertransfer2020 myogiadityanath drdwivedisatish UPGovt basicshiksha_up BJP4UP kpmaurya1 rammadhavbjp SarvendraEdu CMOfficeUP PMOIndia Please complete interdistrict transfer of basic teachers as soon as possible. Upteachertransfer2020

AmitShahOffice AmitShah HMOIndia BJP4India भारत जब सोने की चिड़िया था तब भारत के राजा सेना , पुलिस और न्याय के अलावा कोई काम नहीं करते थे आज अमेरिका फ्रांस सोने की चिड़िया हैं वहां की सरकार भी सेना पुलिस के अलावा कोई काम नहीं करती भारत को दुबारा सोने की चिड़िया बनाने के लिए निजीकरण करना ही होगा AmitShahOffice AmitShah HMOIndia BJP4India मोदी सरकार झूठ बोलने वाली सरकार है। प्रवासी श्रमिकों की मौत के लिए नरेंद्र मोदी जिम्मेदार हैं। भारत में मौत का जुलूस जारी है। नरेंद्र मोदी इसके लिए जिम्मेदार हैं।

AmitShahOffice AmitShah HMOIndia BJP4India EkBharatShreshthaBharat यही है ना AmitShah जी । AmitShahOffice AmitShah HMOIndia BJP4India न्यायपालिका कार्यपालिका सत्ताधारियों की पैरों का जूता बना सरकार को लताडने वाले जजों का किया तबादला| मोदी_है_तो_मुमकिन_है

बंगाल में 1 जून से खुलेंगे धार्मिक स्थल, 8 से सभी कर्मचारी काम पर लौटेंगे: ममताइसका दिमाग कब खुलेगा? बंद कब थे। सारे मजीद में नमाज़ तो चालू ही था। Didi has lost her mind

Coronavirus in Chhattisgarh: क्वारंटाइन सेंटरों में अब कोरोना से ज्यादा खतरा करैत जैसे विषधरों सेछत्‍तीसगढ़ के तीनों जिलों में सबसे खतरनाक करैत सांप होता है जो हर साल लोगों को डंसता है। सरगुजा में 131 सूरजपुर में 185 बलरामपुर में 161 क्वारंटाइन सेंटर हैं।

दिल्ली में कोरोना ने तोड़ा रिकॉर्ड, पहली बार 24 घंटे में 1000 से ज्यादा आए केसदिल्ली में पिछले 24 घंटे में 1024 नए केस सामने आए हैं, जो एक दिन में सबसे ज्यादा है. इसी के साथ राजधानी में कोरोना से संक्रमित लोगों की संख्या 16 हजार 281 हो गई है. PankajJainClick India rank is 4th in world with total active cases. PankajJainClick Kejru Delhi walo ki supari le rakhi hai.. PankajJainClick सिर्फ प्रेस कॉन्फ्रेंस से कुछ नहीं होगा । कॉरोना मुफ्त में नहीं जाएगा उसके लिए व्यवस्था ठीक करने होंगें । कजरीलाल

Corona World LIVE: रूस में 24 घंटे में आठ हजार से ज्यादा नए मामले मिलेCorona World LIVE: रूस में 24 घंटे में आठ हजार से ज्यादा नए मामले मिले Russia Amrica Brazil Italy CoronaUpdate Lockdown4 coronavirus CoronaHotSpots CoronaVirusUpdate coronaupdatesindia PMOIndia MoHFW_INDIA DrHVoffice realDonaldTrump PMOIndia MoHFW_INDIA DrHVoffice realDonaldTrump 😳😳😳

विदेश से लौटी गर्भवती को अपार्टमेंट-हॉस्पिटल में नहीं मिली एंट्री, कोख में बच्चे की मौतवंदे भारत फ्लाइट से लौटी गर्भवती महिला को पहले अपार्टमेंट और फिर प्राइवेट हॉस्पिटल में एंट्री नहीं दी गई. इलाज न मिल पाने के कारण कोख में ही बच्चा मर गया. nagarjund इस हॉस्पिटल को बंद कर देना चाहिए या सरकार अपने अधीन करले nagarjund Yeh kaisa Desh ho gaya hai humara Bharat 😞 nagarjund हॉस्पिटल के खिलाफ क्या कार्यवाही की गई बताये ? या एक बार फिर..... ये महज़ एक टॉप 100 में 1 गिनती मात्र है drharshvardhan IMAEndTB

दिल्ली-मुंबई में रोजाना कोरोना केस 1000 से अधिक, लॉकडाउन में ढील का असर?दिल्ली और मुंबई में पिछले कुछ दिनों में कोरोना वायरस के मामले तेजी से बढ़े हैं. लॉकडाउन चार में मिली ढील के बाद से ही दोनों बड़े शहरों में इन मामलों में इजाफा हुआ है. Noo... Bilkul Nahi Dheel ka Hi Natija Hai Ki Case Itna badh gaya

न टायरों के निशान-न शीशों को नुकसान... कैसे पलटी विकास दुबे की गाड़ी? विकास दुबे की मुठभेड़ में मौत, कानपुर लाते समय गाड़ी पलटने पर की थी भागने की कोशिशः उत्तर प्रदेश पुलिस VIDEO: आजतक की टीम से STF की बदसलूकी, कार से निकालकर फेंकी चाबी VIDEO: एनकाउंटर में विकास दुबे के मारे जाने की खबर 12 घंटे तक कैमरे की जद में था STF का काफिला, 15 मिनट के लिए रोका और विकास दुबे खल्लास! विकास दुबे के अंतिम संस्कार के दौरान भड़की पत्नी रिचा, कहा- सबक जरूर सिखाऊंगी आज तक @aajtak VIDEO: भीगी सड़क पर फिसलने के निशान नहीं, कैसे पलटी विकास दुबे की कार? विकास दुबे: 'मुठभेड़' में इतने इत्तेफ़ाक़! ऐसा कैसे? यूपी में फिर से लॉकडाउन, जानें- वीकेंड पर क्या कर सकेंगे और क्या नहीं VIDEO: विकास दुबे के एनकाउंटर की खबर मिलते ही बिगड़ी मां की तबीयत, देखें घर का हाल